आईसीटी में मर्ज होंगे कम्प्यूटर शिक्षक

शिमला — राज्य के स्कूलों में सेवारत कम्प्यूटर शिक्षकों को आईसीटी प्रोजेक्ट में समायोजित किया जा रहा है। शिक्षा विभाग इसे लेकर योजना बना रहा है। प्रदेश में इस समय 628 स्कूलों में स्मार्ट कक्षाएं आईसीटी प्रोजेक्ट के तहत चल रही हंै। इसके तहत नवीं से 12वीं कक्षाओं के छात्रों को प्रोजेक्टर व सीडी के माध्यम से पढ़ाया जा रहा है। आईसीटी प्रोजेक्ट निजी कंपनियों के सहयोग से चल रहा है। ऐसे में विभाग कम्प्यूटर शिक्षकों को आईसीटी प्रोजेक्ट में समायोजित करने पर विचार कर रहा है। यहां बताते चलें कि प्रवक्ता आईटी के 767 पदों को भरने के लिए अधीनस्थ चयन सेवाएं बोर्ड ने भर्ती प्रक्रिया आरंभ कर दी गई है। ऐसे में इनके चयनित होने के बाद वर्तमान में सेवारतकम्प्यूटर शिक्षकों को बाहर होना पड़ेगा। मसलन शिक्षा विभाग इन्हें आईसीटी प्रोजेक्ट में समायोजित करने की योजना बना रहा है। कम्प्यूटर शिक्षक बीते नौ-10 सालों से स्कूलों में कम्प्यूटर विषय पढ़ा रहे हैं। निदेशक उच्च शिक्षा डा.ओपी शर्मा के मुताबिक विभाग कम्प्यूटर शिक्षकों के भविष्य को लेकर गंभीर है। इनके लिए बीच का रास्ता निकालने का प्रयास किया जाएगा। संभव हुआ तो इन्हें आईसीटी प्रोजेक्ट में समायोजित किया जाएगा।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें